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भारत में काग़ज़ी नोट (Paper Currency) का इतिहास काफ़ी पुराना है। इसका व्यवस्थित चलन 19वीं सदी में शुरू हुआ। नीचे पूरी जानकारी क्रम से दी गई है।

भारत में काग़ज़ी नोट (Paper Currency) का इतिहास काफ़ी पुराना है। इसका व्यवस्थित चलन 19वीं सदी में शुरू हुआ। नीचे पूरी जानकारी क्रम से दी गई है।


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1. भारत में नोट चलने की शुरुआत

भारत में सरकारी काग़ज़ी नोटों की शुरुआत 1861 में हुई थी।

उस समय Paper Currency Act 1861 लागू किया गया।

इस कानून के बाद भारत में नोट छापने और जारी करने का अधिकार केवल सरकार के पास आ गया।


पहला सरकारी नोट

पहला आधिकारिक भारतीय नोट 1862 में जारी हुआ।

इसे उस समय की ब्रिटिश सरकार ने जारी किया था।

इन नोटों पर Queen Victoria की तस्वीर होती थी।



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2. रिज़र्व बैंक के आने के बाद

भारत में आधुनिक नोट व्यवस्था की शुरुआत 1935 में हुई।

Reserve Bank of India की स्थापना: 1 अप्रैल 1935

इसके बाद नोट जारी करने की जिम्मेदारी RBI को दी गई।


पहला RBI नोट

RBI ने पहला नोट 1938 में जारी किया।

यह 5 रुपये का नोट था।



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3. भारत में नोट छापने वाली प्रमुख प्रेस

आज भारत में नोट चार मुख्य जगहों पर छपते हैं।

1. नासिक प्रेस

Currency Note Press Nashik

स्थापना: 1928

यह भारत की सबसे पुरानी नोट प्रिंटिंग प्रेस है।


2. देवास प्रेस

Bank Note Press Dewas

स्थापना: 1974

यहाँ नोटों के साथ कई सुरक्षा दस्तावेज भी छपते हैं।


3. मैसूरु प्रेस

BRBNMPL Mysuru

स्थापना: 1996

इसे RBI की कंपनी Bharatiya Reserve Bank Note Mudran Pvt. Ltd. चलाती है।


4. सल्बोनी प्रेस

BRBNMPL Salboni

स्थापना: 1995

यहाँ बड़े पैमाने पर भारतीय नोट छापे जाते हैं।



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4. आज भारत में छपने वाले नोट

भारत में वर्तमान में ये नोट छापे जाते हैं:

₹10

₹20

₹50

₹100

₹200

₹500

₹2000 (हालाँकि 2023 के बाद धीरे-धीरे बंद किया जा रहा है)


इन सभी नोटों को Reserve Bank of India जारी करता है।


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✅ संक्षेप में

घटना वर्ष

काग़ज़ी नोट शुरू 1861
पहला नोट जारी 1862
RBI स्थापना 1935
पहला RBI नोट 1938



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आपने “1” चुना है, इसलिए यहाँ ₹1, ₹5 और ₹10 के नोट कब शुरू हुए इसकी पूरी जानकारी दी जा रही है।


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1. ₹1 का नोट कब शुरू हुआ

भारत में ₹1 का नोट पहली बार 1917 में जारी किया गया था।

उस समय भारत ब्रिटिश शासन के अधीन था।

इस नोट पर King George V की तस्वीर होती थी।


विशेष बातें

₹1 का नोट Government of India जारी करती है, न कि Reserve Bank of India।

इस नोट पर वित्त सचिव के हस्ताक्षर होते हैं, जबकि बाकी नोटों पर RBI गवर्नर के।


बाद का इतिहास

1994 में ₹1 का नोट छापना बंद कर दिया गया था।

2015 में इसे फिर से शुरू किया गया।



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2. ₹5 का नोट कब शुरू हुआ

₹5 का पहला नोट 1938 में जारी किया गया था।

यह Reserve Bank of India द्वारा जारी किया गया पहला नोट भी था।

इस पर King George VI की तस्वीर थी।


बाद में बदलाव

1947 के बाद भारत आज़ाद हुआ।

इसके बाद नोटों से ब्रिटिश राजा की तस्वीर हटाकर भारतीय प्रतीक लगाए गए।



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3. ₹10 का नोट कब शुरू हुआ

₹10 का नोट पहली बार 1938 में जारी हुआ।

इसे भी Reserve Bank of India ने जारी किया था।


डिज़ाइन में बदलाव

शुरुआत में ब्रिटिश राजा की तस्वीर थी।

बाद में अशोक स्तंभ का चिन्ह लगाया गया।

1996 के बाद Mahatma Gandhi की तस्वीर वाले नोट आने लगे।



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महात्मा गांधी की तस्वीर कब से लगी

भारतीय नोटों पर Mahatma Gandhi की तस्वीर 1996 से लगनी शुरू हुई।

इसे Mahatma Gandhi Series कहा जाता है।



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✅ संक्षेप में

नोट पहली बार जारी विशेष बात

₹1 1917 सरकार जारी करती है
₹5 1938 RBI का पहला नोट
₹10 1938 बाद में गांधी जी की तस्वीर



--आपने “1” चुना है, इसलिए यहाँ ₹1, ₹5 और ₹10 के नोट कब शुरू हुए इसकी पूरी जानकारी दी जा रही है।


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1. ₹1 का नोट कब शुरू हुआ

भारत में ₹1 का नोट पहली बार 1917 में जारी किया गया था।

उस समय भारत ब्रिटिश शासन के अधीन था।

इस नोट पर King George V की तस्वीर होती थी।


विशेष बातें

₹1 का नोट Government of India जारी करती है, न कि Reserve Bank of India।

इस नोट पर वित्त सचिव के हस्ताक्षर होते हैं, जबकि बाकी नोटों पर RBI गवर्नर के।


बाद का इतिहास

1994 में ₹1 का नोट छापना बंद कर दिया गया था।

2015 में इसे फिर से शुरू किया गया।



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2. ₹5 का नोट कब शुरू हुआ

₹5 का पहला नोट 1938 में जारी किया गया था।

यह Reserve Bank of India द्वारा जारी किया गया पहला नोट भी था।

इस पर King George VI की तस्वीर थी।


बाद में बदलाव

1947 के बाद भारत आज़ाद हुआ।

इसके बाद नोटों से ब्रिटिश राजा की तस्वीर हटाकर भारतीय प्रतीक लगाए गए।



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3. ₹10 का नोट कब शुरू हुआ

₹10 का नोट पहली बार 1938 में जारी हुआ।

इसे भी Reserve Bank of India ने जारी किया था।


डिज़ाइन में बदलाव

शुरुआत में ब्रिटिश राजा की तस्वीर थी।

बाद में अशोक स्तंभ का चिन्ह लगाया गया।

1996 के बाद Mahatma Gandhi की तस्वीर वाले नोट आने लगे।



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महात्मा गांधी की तस्वीर कब से लगी

भारतीय नोटों पर Mahatma Gandhi की तस्वीर 1996 से लगनी शुरू हुई।

इसे Mahatma Gandhi Series कहा जाता है।



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✅ संक्षेप में

नोट पहली बार जारी विशेष बात

₹1 1917 सरकार जारी करती है
₹5 1938 RBI का पहला नोट
₹10 1938 बाद में गांधी जी की तस्वीर



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आपने फिर “1” चुना है, इसलिए यहाँ भारत का सबसे बड़ा नोट कौन-सा था इसकी पूरी जानकारी दी जा रही है।


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भारत का सबसे बड़ा नोट

भारत में अब तक का सबसे बड़ा मूल्य का नोट ₹10,000 था।

यह नोट पहली बार 1938 में जारी किया गया था।

इसे Reserve Bank of India ने जारी किया था।

उस समय भारत ब्रिटिश शासन के अधीन था।


इस नोट की खास बातें

इसका उपयोग आम लोग बहुत कम करते थे।

इसे ज़्यादातर बड़े व्यापारियों और बैंकों के बीच लेन-देन के लिए इस्तेमाल किया जाता था।

उस समय इतनी बड़ी रकम बहुत ज्यादा मानी जाती थी।



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बड़े नोट क्यों बंद किए गए

भारत में बड़े नोटों को कई बार बंद किया गया।

1946

₹1000, ₹5000 और ₹10000 के नोट पहली बार बंद किए गए।

कारण: काला धन और अवैध लेन-देन रोकना।


1954

फिर से ये बड़े नोट जारी किए गए।


1978

भारत सरकार ने फिर से ₹1000, ₹5000 और ₹10000 के नोट बंद कर दिए।

यह निर्णय उस समय की सरकार ने काला धन रोकने के लिए लिया।



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बाद के बड़े नोट

बाद में भारत में फिर बड़े नोट आए:

₹1000 नोट – 2000 में

₹500 नोट – 1987 में


लेकिन 2016 में नोटबंदी के दौरान ₹500 और ₹1000 के पुराने नोट बंद कर दिए गए।
यह फैसला Narendra Modi की सरकार ने लिया था।


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वर्तमान में सबसे बड़ा नोट

आज भारत में सबसे बड़ा नोट:

₹500


क्योंकि ₹2000 का नोट 2023 से धीरे-धीरे वापस लिया जा रहा है (circulation से हटाया जा रहा है), हालांकि कुछ जगहों पर अभी भी वैध है।


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✅ संक्षेप में

नोट स्थिति

₹10,000 भारत का सबसे बड़ा नोट (इतिहास में)
₹5,000 1978 में बंद
₹1,000 2016 में बंद
₹500 वर्तमान में सबसे बड़ा चलन वाला नोट



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